तवारिख
राहुल गाँधी क्या चीज है ?????
ये तो उनसे ही पूछो जिनकी
दिनरात सुलगी पडी हैं |
ऐसा एक भी अन्य या भिन्न या विरोधी पार्टी का बंदा नही जिसकी सुलगी नही पडी, भले वो चेहेरे पर आनंद पोत चल रहे हों |
.... सच तो यह है कि राहुल गाँधी एक ऐसा मंत्र बन चुका है जिसको जपे बिना किसी की भी राजनैतिक नैया पार ही नही लग सकती .. इस बात की अब इतिहास भी गवाही दे रहा है l
खैर
तवारिख
बहोत शौक था उन्हे
तवारिख में नामज़द होने का
बहोत शौक था उन्हे
तवारिख में नामज़द होने का
सूरज को बुझाने चले गए
उसी की रोशनी का सहारा लेकर
*अँब्रोस चेट्टियार*
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